ऑनलाइन फ्रॉड से केवल जागरूकता ही बचा सकता है , मोबाइल में ये 3 सेटिंग्स करें धोखाधड़ी से बचेंगे
साइबर एवं बढ़ता ऑन लाइन फ्रॉड ,डिजिटल अरेस्ट की बड़ी चुनौतियों से सावधान रहना जरूरी ,तकनीक का इस्तेमाल से पहले जानकारी जरूरी
रायपुर प्रवक्ता.कॉम 2 मार्च 2026
स्कैमर्स ज्यादातर सीनियर सिटीजन को टारगेट करते हैं। कॉल पर पोता-पोती या किसी रिश्तेदार के साथ अनहोनी की झूठी कहानी बताकर ठगी के जाल में फंसाते हैं। यदि आप स्मार्टफोन पर कुछ सेटिंग्स ऑन कर लें तो फ्रॉड से बचेंगे। ऐसी ही 3 सेटिंग्स जानिए।
पासवर्ड भूल जाते हैं तो पास-की डालें
जैसे फोन में फेस, फिंगरप्रिंट इस्तेमाल करते हैं, वैसे ही गूगल अकाउंट, कुछ बैंकिंग एप में पासकी होती है। इसके बाद पासवर्ड याद रखने की जरूरत नहीं रहती।
कैसे करें: ज्यादातर यूजर गूगल
अकाउंट लॉगिन करने पासवर्ड डालते हैं। यदि इसे ‘पासकी’ से लॉगिन करें तो यह ज्यादा सुरक्षित माना जाता है। फायदाः हैकर्स यदि बैंक या ईमेल अकाउंट तक पहुंच गए तब भी वे अपकी पास-की के बिना इसे खोल नहीं पाएंगे।
अनजान-स्पैम कॉल्स साइलेंट करें
स्कैमर्स बार-बार कॉल पर डराते हैं। इस सेटिंग्स के बाद सिर्फ सेव कॉन्टेक्ट की ही घंटी बजेगी।
कैसे करेंः WhatsApp: Settings>> Privacy
Calls >> Silence Unknown Callers ऑन करें। Phone में: Call Settings में Silence या Block Unknown Callers चालू कर दें।
फायदाः यदि स्पैम कॉल आएगा तो अपने आप ब्लॉक हो जाएगा। इसके बाद आप डिजिटल अरेस्ट जैसी धोखाधड़ी से सुरक्षित रहेंगे।
संचार साथी एप इंस्टॉल कर सकते हैं
एंड्रॉयड में प्ले स्टोर से तो आईफोन में एप स्टोर से संचार साथी एप इंस्टॉल करें। एप में चक्षु विकल्प पर जाएं और इसे लॉन्ग प्रेस करके एड टू होम स्क्रीन कर लें।
क्या करेंः चोरी या गुम हुए मोबाइल का आईएमईआई नंबर ब्लॉक कर सकते। आपके नाम से कोई फर्जी नंबर तो नहीं चल रहा, यह जान सकते हैं।फायदाः कोई संदिग्ध कॉल या मैसेज आए तो सीधेरिपोर्ट करें।






