वीएसके (VSK) एप से ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज न करने वाले शिक्षकों पर गिरेगी गाज, होगी विभागीय जांच

रायपुर / कबीरधाम: 16 अक्टूबर 2026
प्रवक्ता कॉम
छत्तीसगढ़ शासन के लोक शिक्षण संचालनालय ने शासकीय शालाओं में अनुशासनहीनता और लापरवाही बरतने वाले शिक्षकों व कर्मचारियों के खिलाफ सख्त रुख अख्तियार कर लिया है। वीएसके (VSK) मोबाइल एप के माध्यम से ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज न कराने और अनुपस्थित पाए जाने वाले शिक्षकों के खिलाफ अब विभागीय जांच कर बड़ी कार्रवाई (दीर्घ शास्ति) की तैयारी शुरू कर दी गई है।
क्या है पूरा मामला?

लोक शिक्षण संचालनालय, छत्तीसगढ़ द्वारा जारी आदेश के अनुसार, विभाग के अंतर्गत संचालित सभी शासकीय स्कूलों में कार्यरत कर्मचारियों और शिक्षकों को ‘VSK एप’ के जरिए अपनी ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करने के स्पष्ट निर्देश दिए गए थे। हालांकि, ऑनलाइन रिपोर्ट की समीक्षा के दौरान संलग्न सूची में कई शिक्षक और कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए।
संचालनालय ने इसे शासन के नियमों का उल्लंघन, स्वेच्छाचारिता और गंभीर अनुशासनहीनता माना है।
नियमों का स्पष्ट उल्लंघन
कार्यालयीन पत्र में कहा गया है कि संबंधित शिक्षकों का यह कृत्य विभागीय निर्देशों के विपरीत है, जो छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के नियम 3 एवं 7 का स्पष्ट उल्लंघन है। इस पर कड़ा संज्ञान लेते हुए छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम, 1966 के प्रावधानों के तहत दोषियों के विरुद्ध विभागीय जांच कर दीर्घ शास्ति (बड़ी कार्रवाई) अधिरोपित करने का निर्णय लिया गया है।
जिला शिक्षा अधिकारी को 15 दिनों का अल्टीमेटम
लोक शिक्षण संचालनालय ने जिला शिक्षा अधिकारी (DEO), जिला कबीरधाम को निर्देश दिए हैं कि वे सूची में दर्शित लोकसेवकों को जारी किए जाने वाले आरोप पत्रादि (आरोप पत्र, अभिकथन, अभिलेख सूची एवं साक्ष्य सूची) आगामी 15 दिवस के भीतर अनिवार्य रूप से संचालनालय को उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें।
इस सख्त कार्रवाई के बाद से कबीरधाम जिले के लापरवाह शिक्षकों और कर्मचारियों में हड़कंप मच गया है।





