संविदा/ नगर सैनिक/आकस्मिक निधि से वेतन प्राप्त करने वाले दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी भी कैशलेस ट्रीटमेंट पॉलिसी के लिए पात्र होंगे ,योजना का ड्राफ्ट जानिए कैसे मिलेगा कैशलेश कार्ड क्लेम की प्रकिया और हॉस्पिटल की कैटेगिरी क्या होगी?

रायपुर प्रवक्ता.कॉम 29 जुलाई 2026
छत्तीसगढ़ शासन द्वारा राज्य के शासकीय कर्मचारियों और उनके आश्रित परिवारजनों के लिए जटिल चिकित्सा प्रतिपूर्ति (Medical Reimbursement) प्रक्रिया से राहत दिलाते हुए ‘कैशलेस चिकित्सा सुविधा’ लागू की जा रही है। इस योजना का उद्देश्य कर्मचारियों को अस्पतालों में नकदी रहित और सरल उपचार उपलब्ध कराना है।
योजना की मुख्य बातें
योजना के लाभार्थी: ‘
छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (चिकित्सा परिचर्या) नियम 2013′ के अंतर्गत आने वाले समस्त शासकीय सेवक, संविदा कर्मचारी, नगर सैनिक, आकस्मिकता स्थापना के कर्मचारी और वर्क-चार्ज कर्मचारी इस योजना के पात्र होंगे।
ई-हेल्थ कार्ड (E-Health Card):
पात्र लाभार्थियों का वेरिफिकेशन डीडीओ (DDO) के माध्यम से किया जाएगा, जिसके बाद एनआईसी (NIC) के सहयोग से स्वास्थ्य विभाग द्वारा ई-हेल्थ कार्ड बनाए जाएंगे।
मान्यता प्राप्त अस्पताल:
वर्तमान में राज्य के भीतर 134 और राज्य के बाहर 64 निजी अस्पताल मान्यता प्राप्त हैं। इसके अलावा आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत अनुबंधित अस्पताल भी इस योजना के तहत स्वतः मान्य (deemed empaneled) होंगे।
उपचार की दरें:
अस्पतालों में इलाज और निदान का खर्च केंद्रीय स्वास्थ्य सेवा (CGHS) नई दिल्ली के ‘बी-1’ श्रेणी के शहर हेतु निर्धारित दरों के अनुसार होगा।
वित्तीय प्रावधान:
इस योजना के प्रभावी संचालन के लिए राज्य शासन द्वारा चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 में 100 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
सुविधाएं और प्रक्रिया:
मरीजों को अस्पताल में किसी प्रकार का नकद भुगतान नहीं करना होगा।ट्रांजैक्शन मैनेजमेंट सिस्टम (TMS) के माध्यम से अस्पतालों के क्लेम का सीधा डिजिटल भुगतान किया जाएगा।शिकायतों के निवारण और सहायता के लिए एक समर्पित कॉल सेंटर और ऑनलाइन पोर्टल की व्यवस्था की गई है।है।





