आजादी के बाद पहली बार रावघाट पहुंचेगी रेल, बस्तर के विकास में जुड़ेगा नया ऐतिहासिक अध्याय: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
रायपुर/रावघाट/प्रवक्ता डॉट कॉम/19 अक्टूबर 2026
रायपुर: छत्तीसगढ़ के रेल इतिहास में 20 अक्टूबर का दिन एक ऐतिहासिक उपलब्धि के रूप में दर्ज होने जा रहा है। आजादी के बाद पहली बार बस्तर के रावघाट तक रेल पहुंचेगी। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की उपस्थिति और केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव की वर्चुअल भागीदारी में ताड़ोकी – रावघाट रेल लाइन एवं अभनपुर – कुरूद ब्रॉडगेज रेल लाइन का भव्य उद्घाटन किया जाएगा।इस अवसर पर रावघाट – रायपुर एवं रायपुर – कुरूद नई यात्री रेल सेवाओं का शुभारंभ और रायपुर में इलेक्ट्रिक रेल इंजन मेंटेनेंस फैसिलिटी का शिलान्यास भी होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में ‘डबल इंजन सरकार’ का यह संकल्प बस्तर अंचल में विकास, रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को नई गति देगा।
रावघाट तक रेल: बस्तर के विकास को मिलेगी नई रफ्तार दल्लीराझरा से रावघाट के बीच लगभग 1,628 करोड़ रुपए की लागत से 95 किलोमीटर लंबी नई रेल लाइन का काम पूरा कर लिया गया है। ताड़ोकी से रावघाट के बीच अंतिम 17.5 किलोमीटर रेल लाइन का निर्माण पूरा होने के साथ ही यह ऐतिहासिक परियोजना अब शुरू होने जा रही है। इस रेल संपर्क से रावघाट क्षेत्र के लौह अयस्क का परिवहन आसान होगा, जिससे भिलाई इस्पात संयंत्र (BSP) सहित देश के इस्पात उद्योग को भारी मजबूती मिलेगी।

अभनपुर – कुरूद ब्रॉडगेज लाइन: राजधानी तक का सफर आसान अभनपुर – धमतरी गेज परिवर्तन परियोजना के तहत अभनपुर से कुरूद के बीच 22 किलोमीटर रेल लाइन का आधुनिकीकरण (ब्रॉडगेज) पूरा हो गया है। इसके शुरू होने से धमतरी-कुरूद क्षेत्र के यात्रियों, व्यापारियों और विद्यार्थियों को सीधे राजधानी रायपुर तक आवागमन की बेहतर सुविधा मिलेगी। इस रूट के शेष कुरूद-धमतरी सेक्शन में काम तेजी से चल रहा है।
रायपुर में बनेगी आधुनिक रेल इंजन मेंटेनेंस सुविधा रेलवे के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए रायपुर में इलेक्ट्रिक रेल इंजन मेंटेनेंस फैसिलिटी का शिलान्यास किया जाएगा। इस हाई-टेक शेड के तैयार होने से भविष्य में 300 हाई हॉर्सपावर इलेक्ट्रिक रेल इंजनों के रखरखाव की क्षमता विकसित होगी। इससे छत्तीसगढ़ में मालगाड़ियों और यात्री ट्रेनों का परिचालन अधिक सुचारु रूप से हो सकेगा।






