
बिलासपुर: प्रवक्ता.कॉम 12 जुलाई 2026
छत्तीसगढ़ में सहायक शिक्षकों और समग्र शिक्षकों की मांगों को लेकर आंदोलन तेज होता नजर आ रहा है। ‘छत्तीसगढ़ सर्व शिक्षक कल्याण संघ’ ने आगामी 15 जुलाई को रायपुर के बूढ़ा तालाब (या नियत धरना स्थल) मैदान में आयोजित होने वाले एक दिवसीय धरना प्रदर्शन को अपना पूर्ण समर्थन देने का ऐलान किया है।
संघ के प्रांताध्यक्ष श्री भूपेंद्र सिंह बनाफर ने एक आधिकारिक समर्थन पत्र जारी करते हुए प्रदेश के सभी शिक्षक संवर्गों से एकजुट होने की अपील की है।
क्या है मुख्य विवाद?
जारी पत्र के अनुसार, शिक्षकों में मुख्य रूप से निम्नलिखित मुद्दों को लेकर भारी आक्रोश है:
पदोन्नति और क्रमोन्नति: शिक्षकों की लंबे समय से लंबित पदोन्नति और क्रमोन्नति की प्रक्रिया।
योग्यता और सेवा शर्तें: विशेष तौर पर शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) की योग्यता को लेकर जो ‘प्रधान सेवा शर्तें’ विरुद्ध तरीके से थोपी जा रही हैं, शिक्षक संघ उसका कड़ा विरोध कर रहा है।
“यह लड़ाई किसी संगठन की नहीं, आपके अधिकारों की है”
प्रांताध्यक्ष भूपेंद्र सिंह बनाफर ने छत्तीसगढ़ के समस्त शिक्षक संवर्ग से भावुक और मजबूत अपील करते हुए कहा है:
“जहां पर बात अधिकार की हो, वहां बिना किसी संगठन के भेदभाव के मैदान में सहयोग करते हुए समर्थन करिए। यह लड़ाई किसी एक संगठन की नहीं, बल्कि आपके खुद के अधिकारों की है।”
उन्होंने आगे सचेत करते हुए कहा कि अगर आज अपने हक के लिए लड़ने वालों का सहयोग नहीं किया गया, तो कल किसी के भी अधिकार सुरक्षित नहीं रहेंगे।
फेडरेशन के नाम भेजा समर्थन पत्र
यह समर्थन पत्र सहायक शिक्षक समग्र शिक्षक फेडरेशन के प्रदेश अध्यक्ष रविन्द्र राठौर के नाम प्रेषित किया गया है। माना जा रहा है कि इस बड़े समर्थन के बाद 15 जुलाई को होने वाले एक दिवसीय धरना प्रदर्शन में प्रदेशभर से भारी संख्या में सहायक शिक्षक और समग्र शिक्षक जुट सकते हैं।





