Breaking Newsकार्यवाहीछत्तीसगढ़जीएडी निर्देश

छत्तीसगढ़ शासन की कड़ी चेतावनी बिना मान्यता प्राप्त संघों के सीधे पत्राचार पर लगी रोक, अनुशासनहीनता पर होगी सख्त कार्रवाई

रायपुर प्रवक्ता.कॉम 3 नवंबर 2026

Join WhatsApp

छत्तीसगढ़ शासन के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने नगरीय निकायों के अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए अनुशासन का दायरा और अधिक कड़ा कर दिया है। शासन ने स्पष्ट किया है कि अब बिना मान्यता प्राप्त किसी भी संघ या संगठन द्वारा शासन स्तर पर सीधे पत्राचार किए जाने को अनुशासनहीनता और अनधिकृत कृत्य माना जाएगा तथा ऐसा करने वालों के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

​क्या कहा है जीएडी ने जानें ?

नियमों का उल्लंघन और सीधा पत्राचार

शासन के संज्ञान में यह बात आई थी कि नगरीय निकायों (नगर पालिक निगम, नगर पालिका परिषद एवं नगर पंचायत) के कई ऐसे अधिकारी और कर्मचारी संघ, जिन्हें राज्य शासन द्वारा विधिवत मान्यता प्रदान नहीं की गई है, वे विभिन्न मांगों और सेवा संबंधी मामलों को लेकर सीधे शासन स्तर पर निरंतर पत्राचार कर रहे हैं।

सिविल सेवा आचरण नियमों के तहत कार्रवाई

छत्तीसगढ़ शासन के उप सचिव द्वारा जारी आदेश (क्रमांक: ESTB/26843/2026-UAD/453163, दिनांक 23-10-2026) के अनुसार, सिविल सेवा आचरण नियमों के तहत बिना मान्यता प्राप्त संघों द्वारा इस प्रकार सीधा पत्र व्यवहार करना पूरी तरह से अनाधिकृत है।

शासन द्वारा जारी प्रमुख निर्देश

मान्यता प्राप्त संघों को ही प्राथमिकता

केवल शासन द्वारा अधिकृत एवं विधिवत मान्यता प्राप्त कर्मचारी संघों के अभ्यावेदनों और पत्रों पर ही विचार किया जाएगा। बिना मान्यता प्राप्त किसी भी संघ के सीधे पत्राचार को संज्ञान में नहीं लिया जाएगा।

उचित माध्यम से रखना होगा पक्ष

यदि किसी अधिकारी या कर्मचारी की कोई व्यक्तिगत सेवा संबंधी समस्या या मांग है, तो वह अपने निकाय प्रमुख के माध्यम से उचित चैनल (उचित माध्यम) से ही अपना अभ्यावेदन प्रस्तुत करेगा।

नियम तोड़ने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई

भविष्य में यदि किसी गैर-मान्यता प्राप्त संघ के नाम से शासन स्तर पर पत्राचार किया जाता है, तो संबंधित पदाधिकारियों एवं संलिप्त कर्मियों के विरुद्ध सिविल सेवा आचरण नियमों के तहत कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

​नगरीय प्रशासन विभाग ने राज्य के सभी आयुक्तों, मुख्य कार्यपालन अधिकारियों और मुख्य नगरपालिका अधिकारियों को इन निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के कड़े निर्देश दिए हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button