रायपुर प्रवक्ता.कॉम 2 सितंबर 2026
शिक्षकों की ऑनलाइन अटेंडेंस की व्यवस्था को लेकर छत्तीसगढ़ की एक शिक्षिका का गुस्सा फूट पड़ा। सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक शिक्षिका ऑनलाइन हाजिरी के नियम पर सरकार को आड़े हाथों लेती नजर आ रही हैं।
शिक्षिका का कहना है कि यदि कर्मचारियों की ड्यूटी और उपस्थिति का समय ऐप के जरिए तय किया जा रहा है, तो सरकार को अन्य जमीनी समस्याओं पर भी ध्यान देना चाहिए। वीडियो में शिक्षिका ने कहा:
सड़क के मवेशियों पर उठाए सवाल: शिक्षिका ने कहा कि सड़क पर घूम रहे आवारा पशुओं और मवेशियों को पहले अंदर करवाया जाए।
दुर्घटनाओं की चिंता: ऐप में समय पर हाजिरी लगाने की हड़बड़ी के कारण कई कर्मचारी दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं। गर्भवती महिला कर्मचारियों को भी जल्दबाजी में गाड़ी चलाकर समय पर पहुंचने की मजबूरी होती है, जिससे हादसे का डर बना रहता है।
सभी विभागों और नियमों पर लागू हो सख्ती: शिक्षिका ने मांग की कि यदि समय को इतना ही सख्त बनाया जा रहा है, तो पहले सभी व्यवस्थाएं सही की जाएं, केवल कर्मचारियों पर ऐप का दबाव न डाला जाए।
सोशल मीडिया पर शिक्षिका के इस वीडियो को शिक्षकों और आम जनता से भारी समर्थन मिल रहा है। लोगों का कहना है कि दूरदराज और नेटवर्क विहीन इलाकों में ऐप के जरिए हाजिरी लगाना व्यावहारिक नहीं है और सरकार को शिक्षकों की जमीनी परेशानियों पर गंभीरता से विचार करना चाहिए।






