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आदिम जाति विकास विभाग के छात्रावासों में संलग्न शिक्षकों की सेवाएं यथावत रखने के संबंध में प्रमुख सचिव ने स्कूल शिक्षा विभाग को लिखा पत्र बताया 1136 आश्रम शाला में अधीक्षक के पद रिक्त

प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव डॉ. कमल प्रीत सिंह को अर्धशासकीय पत्र भेजकर इन संस्थाओं में कार्यरत शिक्षा विभाग के संलग्न शिक्षकों को विभागीय व्यवस्था उपलब्ध होने तक यथावत कार्य करने की अनुमति प्रदान करने का अनुरोध किया है। छात्रावासों, आश्रमों, प्रयास आवासीय विद्यालयों, एकलव्य आवासीय विद्यालयों और क्रीड़ा परिसरों आदि के निर्बाध संचालन के लिए शिक्षा विभाग के 1856 शिक्षकों एवं कर्मचारियों को छात्रावास अधीक्षक व अन्य पदों का प्रभार दिया गया है।

रायपुर प्रवक्ता.कॉम 05 अगस्त 2026

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रायपुर: छत्तीसगढ़ शासन के आदिम जाति विकास विभाग, अनुसूचित जाति विकास विभाग तथा पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास विभाग के अंतर्गत आने वाले छात्रावासों, आश्रमों और अन्य आवासीय संस्थाओं के सुचारू संचालन को लेकर महत्वपूर्ण प्रशासनिक कदम उठाया गया है। प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव डॉ. कमल प्रीत सिंह को अर्धशासकीय पत्र भेजकर इन संस्थाओं में कार्यरत शिक्षा विभाग के संलग्न शिक्षकों को विभागीय व्यवस्था उपलब्ध होने तक यथावत कार्य करने की अनुमति प्रदान करने का अनुरोध किया है।

​प्रमुख बिंदु और कारण जिनके आधार पर संलग्नीकरण जारी रखने का किया आग्रह

रिक्त पदों की स्थिति:

विभाग के अंतर्गत नियमित छात्रावास अधीक्षकों के कुल 1136 पद रिक्त हैं।

प्रभार व्यवस्था:

छात्रावासों, आश्रमों, प्रयास आवासीय विद्यालयों, एकलव्य आवासीय विद्यालयों और क्रीड़ा परिसरों आदि के निर्बाध संचालन के लिए शिक्षा विभाग के 1856 शिक्षकों एवं कर्मचारियों को छात्रावास अधीक्षक व अन्य पदों का प्रभार दिया गया है।

शैक्षणिक व्यवस्था:

पत्र में स्पष्ट किया गया है कि ये सभी संलग्न शिक्षक किसी गैर-शिक्षकीय कार्य में नहीं, बल्कि शैक्षणिक व्यवस्था के अंतर्गत ही अपनी सेवाएं दे रहे हैं।

संचालन पर प्रभाव का अंदेशा:

यदि वर्तमान स्थिति में इन शिक्षकों को छात्रावासों से कार्यमुक्त किया जाता है, तो कई छात्रावासों के बंद होने की स्थिति उत्पन्न हो सकती है, जिससे दूरस्थ और संवेदनशील क्षेत्रों के हजारों विद्यार्थियों की आवासीय व्यवस्था, सुरक्षा और शिक्षा बुरी तरह प्रभावित होगी।

भर्ती प्रक्रिया में विलंब:

छात्रावास अधीक्षकों के रिक्त पदों के विरुद्ध वित्त विभाग द्वारा फिलहाल केवल 200 पदों पर भर्ती की स्वीकृति दी गई है, तथा छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मंडल के गठन की प्रक्रिया के चलते शेष पदों की भर्ती में विलंब हो सकता है।

​इन तमाम परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए, विद्यार्थियों के सर्वोपरि हित और राज्य शासन की समावेशी शिक्षा नीति के तहत नियमित नियुक्तियां होने तक इन संलग्न शिक्षकों को पूर्ववत कार्य करने की अनुमति देने का आग्रह किया गया है। 

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