स्कूली छात्रों के लिए बड़ी खबर; 200 विद्यार्थियों को कराया जाएगा शैक्षणिक भ्रमण, पर्यटन स्थलों की सूची जारी

प्रवक्ता. कॉम 3 जुलाई 2026
रायपुर। छत्तीसगढ़ के रायपुर जिले में स्कूली बच्चों के बौद्धिक विकास और उन्हें राज्य की ऐतिहासिक व सांस्कृतिक धरोहरों से रूबरू कराने के लिए एक बेहतरीन पहल की जा रही है। शैक्षणिक सत्र 2026-27 के तहत जिले के शासकीय विद्यालयों में पढ़ रहे कक्षा 6वीं से 12वीं तक के चुनिंदा छात्रों को पर्यटन विभाग द्वारा चिन्हित प्रमुख पर्यटन स्थलों का शैक्षणिक भ्रमण कराया जाएगा।

इस संबंध में जिला परियोजना कार्यालय (समग्र शिक्षा), रायपुर द्वारा एक आधिकारिक आदेश जारी किया गया है।
कुल 200 छात्र उठा सकेंगे लाभ

जारी किए गए आधिकारिक पत्र के अनुसार, वर्ष 2026 में आयोजित होने वाले इस शैक्षणिक भ्रमण कार्यक्रम के लिए कुल 200 विद्यार्थियों का चयन किया जाएगा। इसमें:
- कक्षा 6वीं से 8वीं के 100 विद्यार्थी शामिल होंगे।
- कक्षा 9वीं से 12वीं के 100 विद्यार्थी शामिल होंगे।
कार्यक्रम को सुचारू रूप से सफल बनाने के लिए प्रत्येक विकासखंड से कक्षा 6वीं से 8वीं के 20 विद्यार्थी और 9वीं से 12वीं के 20 विद्यार्थियों के नाम, भ्रमण स्थल, आयोजन की तिथि/माह आदि की जानकारी निर्धारित प्रारूप में मांगी गई है। सभी विकासखंड शिक्षा अधिकारियों (BEO) और स्रोत केन्द्र समन्वयकों को यह जानकारी 10 जुलाई 2026 तक अनिवार्य रूप से जिला परियोजना कार्यालय को भेजने के निर्देश दिए गए हैं।
इन प्रमुख पर्यटन स्थलों की कराई जाएगी सैर
विभाग द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य के चिन्हित पर्यटन स्थलों की एक विस्तृत सूची (जिलेवार) भी साझा की गई है, जिसके प्रमुख आकर्षण निम्नलिखित हैं:
- रायपुर जिला: दूधाधारी मठ, विवेकानंद सरोवर, संग्रहालय, शदाणी दरबार, श्री जगन्नाथ मंदिर (गायत्री नगर), चम्पारण्य (महाप्रभु वल्लभाचार्य की जन्मस्थली), आरंग (भाण्ड देउल जैन मंदिर, बाग देउल) आदि।
- बलौदाबाजार-भाटापारा: पलारी (सिद्धेश्वर शिव मंदिर), गिरौदपुरी (गुरु घासीदास निवास, छाता पहाड़), बारनवापारा (वन्य प्राणी अभयारण्य), दामाखेड़ा, तुरतुरिया (लवकुश जन्मस्थली), सिंगारपुर, सोनाखान (शहीद वीर नारायण सिंह स्मारक) आदि।
- गरियाबंद जिला: राजिम (राजीवलोचन मंदिर, कुलेश्वर महादेव मंदिर), फिंगेश्वर, उदंती (वन्य प्राणी अभयारण्य), मैनपुर, ऋषिझरण।
- महासमुंद जिला: सिरपुर (लक्ष्मण मंदिर, तीवरदेव महाविहार, आनंद प्रभु कुटीर विहार, सूरंग टीला), खल्लारी, कनेकेरा, सुअरमारगढ़, बावनकेरा।





