छत्तीसगढ़ में राज्य स्तरीय ‘शाला प्रवेशोत्सव 2026-27’ का भव्य शुभारंभ: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने जामगांव (एम) में विद्यार्थियों का किया स्वागत
संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि शाला प्रवेशोत्सव केवल नए शैक्षणिक सत्र का शुभारंभ मात्र नहीं है, बल्कि यह प्रदेश के हर बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण, समावेशी और संस्कारयुक्त शिक्षा पहुँचाने के प्रति राज्य सरकार की दृढ़ प्रतिबद्धता का सशक्त प्रतीक है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि मजबूत शिक्षा व्यवस्था ही एक सशक्त और विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण की नींव है।
प्रवक्ता.कॉम
दुर्ग/रायपुर: 20 जुलाई 2026
छत्तीसगढ़ में नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 के आगाज के साथ ही राज्य स्तरीय ‘शाला प्रवेशोत्सव‘ का गरिमामय आयोजन दुर्ग जिले के स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय, जामगांव (एम) में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने विद्यार्थियों का तिलक लगाकर और मुंह मीठा कराकर शाला प्रवेश कराया तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
गुणवत्तापूर्ण और संस्कारयुक्त शिक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि शाला प्रवेशोत्सव केवल नए शैक्षणिक सत्र का शुभारंभ मात्र नहीं है, बल्कि यह प्रदेश के हर बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण, समावेशी और संस्कारयुक्त शिक्षा पहुँचाने के प्रति राज्य सरकार की दृढ़ प्रतिबद्धता का सशक्त प्रतीक है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि मजबूत शिक्षा व्यवस्था ही एक सशक्त और विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण की नींव है।
आधुनिक संसाधनों से लैस हो रहे हैं विद्यालय

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के दूर-अंचल तक के विद्यार्थियों को आधुनिक शिक्षण वातावरण, बेहतर संसाधन और उच्च स्तरीय शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम विद्यालय योजना के माध्यम से गरीब और जरूरतमंद परिवारों के बच्चों को भी अब निजी स्कूलों की तर्ज पर बेहतरीन शिक्षा प्राप्त हो रही है।
ज्ञान और अवसरों से समृद्ध छत्तीसगढ़ का संकल्प
इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों, शिक्षकों, अभिभावकों और विद्यार्थियों में अभूतपूर्व उत्साह देखने को मिला। कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि समाज के सभी वर्गों के सहयोगात्मक प्रयासों से ही छत्तीसगढ़ को ज्ञान, संस्कार और असीम अवसरों से परिपूर्ण राज्य बनाया जा सकता
बच्चों संघ मुख्यमंत्री ने लिया न्योता भोज का आनंद
छत्तीसगढ़ में राज्य स्तरीय ‘शाला प्रवेशोत्सव 2026-27’ के विशेष अवसर पर आज स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय, जामगांव (एम) में एक अनूठी और प्रेरणादायक पहल देखने को मिली। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के साथ गणमान्य अतिथियों और अधिकारियों ने स्कूली बच्चों के बीच बैठकर ‘न्योता भोज’ में सहभागिता की और उनके साथ आत्मीयतापूर्वक भोजन ग्रहण किया।
समाज और विद्यालय के बीच सेतु है ‘न्योता भोज’

’न्योता भोज’ प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के अंतर्गत जनभागीदारी पर आधारित एक अभिनव पहल है। यह योजना विद्यालय, समाज और अभिभावकों के बीच आपसी जुड़ाव को मजबूत करती है। इसके माध्यम से समाज के विभिन्न वर्ग के लोग बच्चों के साथ भोजन साझा कर उनके पोषण स्तर में सुधार लाने और उनके चेहरों पर मुस्कान लाने में अपनी भागीदारी सुनिश्चित कर रहे हैं।
इस अवसर पर शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने कहा
राज्य स्तरीय शाला प्रवेश उत्सव में स्कूल शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव ने शिक्षा को केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित न रखकर इसे आधुनिक और व्यावहारिक बनाने पर जोर दिया।
उन्होंने कार्यक्रम में शामिल होकर नवप्रवेशी विद्यार्थियों का स्वागत किया और अपने संबोधन में मुख्य तौर पर बातें कहीं
आधुनिक शिक्षा और AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस): मंत्री ने कहा कि आने वाला समय AI बेस्ड शिक्षा का है。 राज्य सरकार का लक्ष्य प्रदेश के हर बच्चे को आधुनिक सुविधाएं और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है。
बेहतर शैक्षणिक वातावरण:
उन्होंने जोर दिया कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं ताकि बच्चों को एक बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके。






